Tuesday, May 5, 2009
नेपाल की समस्या
प्रचंड ने लोक तांत्रिक चुनाव में २३८ सीते जीती थी तभी निसिचित हो गया था किये सरकार कुछ कि सरकार है । विश्व समुदाय ने इसका भरपूर समर्थन किया था । लेकिन प्रचंड अपनी मो वादी मानसिकता से नही उभर सके और आरोप रास्त्रपति पर लगाने लगे कि उन्होंने लोकतान्त्रिक भावनाओं को ठेस पहुचाई है । इससे तो यही निकलता कि उल्टा चोर कोतवाल डाटें।
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9 comments:
नेपाल के बारे मे भारत के अधिकांश लोग दुर दृष्टि-दोष से ग्रसित हैं। वस्तुतः नेपाल के तत्कालिन भारतीय राजदुत शिवशंकर मुखर्जी एवम सीताराम येचुरी ने माओवादीयो को नेपाल की सत्ता मे स्थापित करने मे महत्वपुर्ण योगदान दिया था। भारत की सरकार ने बबुल रोपा है तो गुलाब कहां से पाएंगें।
वर्तमान संकट का सब से खराब पक्ष यह है की इस घटनाक्रम से शांती प्रकृया खटाई मे पड सकती है। यह नेपाल के दबे कुचले मधेशियों के साथ अन्याय होगा ।
दुसरा बडा खतरा है की नेपाल मे संयुक्त राष्ट्र संघ को अपनी भुमिका बढाने का बडा बहाना मिल गया है। संयुक्त राष्ट्र संघ की एजेंसिया चर्च प्रभावित देशों की रखैल की भांती काम करते है। यह साम्राज्यवादी शक्तिया नेपाल में बैठ कर दक्षिण एसिया तथा हिमालय पार चीन आदि देशो को आपस मे लडा कर अपना उल्लु सीधा करने का काम करते रहते है।
नेपाल को ले कर भारत की संप्रग सरकार की नितीयो मे अनेक खामिया थी, जिसका खामियाजा उसे भुगतना ही होगा। मनमोहन की सरकार तथा वामपंथीयो ने बडा भारत के राष्ट्र हितो के विरुद्ध बडा अपराध किया है।
हिन्दी चिट्ठाजगत में आपका स्वागत है. नियमित लेखन के लिए मेरी हार्दिक शुभकामनाऐं.
वर्ड वेरिपिकेशन हटा लें तो टिप्पणी करने में सुविधा होगी. बस एक निवेदन है.
डेश बोर्ड से सेटिंग में जायें फिर सेटिंग से कमेंट में और सबसे नीचे- शो वर्ड वेरीफिकेशन में ’नहीं’ चुन लें, बस!!!
upyogi aalekh k liye badhai
सुन्दर! स्वागत!
hamare to charon or yahi ho raha hai, narayan narayan
बे्हतरीन रचना के लिये बधाई। यदि शब्द न होते तो एह्सास भी न होता। मेरे ब्लोग पर आपका स्वागत है। लिखते रहें हमारी शुभकामनाएं साथ है।
Swagat.
बहुत सुंदर…..आपके इस सुंदर से चिटठे के साथ आपका ब्लाग जगत में स्वागत है…..आशा है , आप अपनी प्रतिभा से हिन्दी चिटठा जगत को समृद्ध करने और हिन्दी पाठको को ज्ञान बांटने के साथ साथ खुद भी सफलता प्राप्त करेंगे …..हमारी शुभकामनाएं आपके साथ हैं।
अच्छी जानकारी दी है , और प्रकाश डालें इस विषय पर उमेश्वर कि टिप भी सही है
आपका चिटठा खूबसूरत है , आपके विचार सराहनीय हैं ,
यूँ ही लिखते रहिये , हमें भी ऊर्जा मिलेगी
धन्यवाद,
मयूर
अपनी अपनी डगर
sarparast.blogspot.com
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